महाराष्ट्र सरकार की लोकप्रिय योजना Mukhyamantri Majhi Ladki Bahin Yojana को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। राज्य सरकार इस योजना के सभी लाभार्थियों की व्यापक जांच कर रही है और अनुमान लगाया जा रहा है कि मार्च के अंत तक लगभग 50 से 60 लाख महिलाएं योजना से बाहर हो सकती हैं।
सरकार के अनुसार कई ऐसे मामले सामने आए हैं जहां योजना के नियमों का पालन नहीं किया गया या अपात्र लोगों ने भी लाभ ले लिया। इसलिए अब सभी लाभार्थियों की KYC और पात्रता की जांच तेज कर दी गई है।
31 मार्च तक पूरी होगी लाभार्थियों की जांच
राज्य सरकार ने योजना के तहत पंजीकृत सभी महिलाओं को 31 मार्च तक KYC पूरा करने का समय दिया है। जिन लाभार्थियों का KYC अधूरा रहेगा या जो योजना की पात्रता शर्तों को पूरा नहीं करतीं, उन्हें सूची से हटाया जा सकता है।
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक अभी तक बड़ी संख्या में लाभार्थियों की जांच पूरी हो चुकी है, लेकिन लाखों मामलों की पुष्टि अभी बाकी है। यही कारण है कि मार्च के अंत तक बड़ी संख्या में नाम हटने की संभावना जताई जा रही है।
कितने लाभार्थी हो सकते हैं अपात्र
सरकारी सूत्रों के अनुसार:
- लगभग 2.47 करोड़ महिलाएं इस योजना में पंजीकृत हैं
- इनमें से 45 लाख लाभार्थी पहले ही अपात्र पाए जा चुके हैं
- करीब 24 लाख लाभार्थियों का KYC अभी भी लंबित है
विशेषज्ञों का मानना है कि अंतिम जांच के बाद कुल 50 से 60 लाख लाभार्थी योजना से बाहर हो सकते हैं। इसके बाद योजना के लाभार्थियों की संख्या लगभग 1.9 करोड़ से 2 करोड़ के बीच रह सकती है।
योजना के लिए सरकार ने किया बड़ा बजट प्रावधान
महाराष्ट्र सरकार ने इस योजना के लिए बजट में बड़ी राशि का प्रावधान किया है। राज्य के बजट में महिला एवं बाल विकास विभाग के लिए लगभग 25,600 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
इसमें से करीब 21,000 करोड़ रुपये केवल लाडकी बहीण योजना के लिए रखे गए हैं।
यह बजट राज्य के मुख्यमंत्री Devendra Fadnavis द्वारा प्रस्तुत वित्तीय योजना का हिस्सा है, जिसमें महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण पर विशेष जोर दिया गया है।
योजना में गड़बड़ी के कई मामले सामने आए
- सरकारी कर्मचारी
- आय सीमा से अधिक आय वाले परिवार
- कुछ मामलों में पुरुषों के नाम पर भी आवेदन
इन मामलों के सामने आने के बाद सरकार ने पूरी योजना की सख्त जांच और सत्यापन प्रक्रिया शुरू कर दी है।
योजना का उद्देश्य क्या है
Mukhyamantri Majhi Ladki Bahin Yojana का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग की महिलाओं को वित्तीय सहायता प्रदान करना है।
इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता दी जाती है, जिससे वे अपने परिवार की आर्थिक जरूरतों को पूरा कर सकें।